Breaking News
मुख्यमंत्री धामी ने समस्त प्रदेशवासियों को दी ‘विश्व पृथ्वी दिवस’ की हार्दिक शुभकामनाएं
मुख्यमंत्री धामी ने समस्त प्रदेशवासियों को दी ‘विश्व पृथ्वी दिवस’ की हार्दिक शुभकामनाएं
एनडीएमए सदस्य डाॅ. असवाल ने आपदा की तैयारियों को परखा
एनडीएमए सदस्य डाॅ. असवाल ने आपदा की तैयारियों को परखा
आगामी नेशनल गेम्स में पदकों की संख्या बढ़ाने पर करें फोकस : रेखा आर्या
आगामी नेशनल गेम्स में पदकों की संख्या बढ़ाने पर करें फोकस : रेखा आर्या
मुख्यमंत्री धामी ने मसूरी रोड स्थित शिव मंदिर के निर्माणाधीन पुल का किया स्थलीय निरीक्षण
मुख्यमंत्री धामी ने मसूरी रोड स्थित शिव मंदिर के निर्माणाधीन पुल का किया स्थलीय निरीक्षण
सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने उपनल कर्मचारी के परिजनों को सौंपा ₹50 लाख की बीमा राशि का चैक
सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने उपनल कर्मचारी के परिजनों को सौंपा ₹50 लाख की बीमा राशि का चैक
टिहरी में दर्दनाक सड़क हादसा: अनियंत्रित होकर सरिये से लदे ट्रक से टकराई कार, एक महिला की मौत
टिहरी में दर्दनाक सड़क हादसा: अनियंत्रित होकर सरिये से लदे ट्रक से टकराई कार, एक महिला की मौत
विकास का धामी मॉडल : मियावाला में तालाब बना खूबसूरत पार्क, लोगों को मिली नई सैर की जगह
विकास का धामी मॉडल : मियावाला में तालाब बना खूबसूरत पार्क, लोगों को मिली नई सैर की जगह
महिला आरक्षण पर विरोध करने वालों को जनता सिखाएगी सबक- रेखा आर्या
महिला आरक्षण पर विरोध करने वालों को जनता सिखाएगी सबक- रेखा आर्या
श्रीमद्भागवत जीवन को देती है सही दिशा और सकारात्मक ऊर्जा- मुख्यमंत्री धामी
श्रीमद्भागवत जीवन को देती है सही दिशा और सकारात्मक ऊर्जा- मुख्यमंत्री धामी

महाराष्ट्र में तीसरी भाषा को लेकर बड़ा बदलाव, सीएम फडणवीस ने स्पष्ट की नीति

महाराष्ट्र में तीसरी भाषा को लेकर बड़ा बदलाव, सीएम फडणवीस ने स्पष्ट की नीति

छात्रों को अब हिंदी के बजाय अपनी पसंद की कोई भी भारतीय भाषा चुनने की छूट

पुणे। महाराष्ट्र में स्कूली शिक्षा को लेकर तीसरी भाषा की अनिवार्यता पर मचे राजनीतिक और सामाजिक विवाद के बीच मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने स्थिति स्पष्ट कर दी है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने हिंदी को तीसरी भाषा के रूप में अनिवार्य करने का नियम वापस ले लिया है। अब छात्र अपनी पसंद की कोई भी भारतीय भाषा तीसरी भाषा के रूप में चुन सकेंगे।

मुख्यमंत्री फडणवीस ने पुणे जिले के देहू में पत्रकारों से बातचीत में कहा कि नई शिक्षा नीति (NEP) के तहत तीन-भाषा फॉर्मूले को अपनाया गया है, जिसमें एक मातृभाषा और दो अन्य भाषाओं का अध्ययन शामिल है। राज्य सरकार ने छात्रों को अब यह छूट दी है कि वे तीसरी भाषा के रूप में कोई भी भारतीय भाषा चुन सकते हैं — सिर्फ हिंदी नहीं।

उन्होंने यह भी जोड़ा कि अंग्रेजी के वर्चस्व के दौर में भारतीय भाषाओं की उपेक्षा नहीं होनी चाहिए। मराठी को शिक्षा और अर्थव्यवस्था की भाषा के रूप में स्थापित करने के प्रयासों की चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि राज्य में अब इंजीनियरिंग, एमबीए और चिकित्सा जैसे कोर्स मराठी में भी उपलब्ध हैं।

भाषा विवादों पर प्रतिक्रिया देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि तमिलनाडु सरकार की तीन-भाषा फॉर्मूले के खिलाफ दायर याचिका पहले ही अदालत में खारिज हो चुकी है। ऐसे में भारतीय भाषाओं के अध्ययन को लेकर कोई विरोध उचित नहीं है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह फैसला बच्चों के मानसिक और बौद्धिक विकास को ध्यान में रखकर लिया गया है।

फडणवीस ने इस धारणा को भी खारिज किया कि सरकार हिंदी थोप रही है। उन्होंने कहा कि यह नीति केंद्र सरकार की है, जिसे विशेषज्ञों की सलाह से पूरे देश में लागू किया जा रहा है। राज ठाकरे और मराठी संगठनों के आरोपों पर उन्होंने कहा कि वे खुद उनसे संवाद कर चुके हैं और स्थिति स्पष्ट कर दी गई है।

हाल ही में जारी सरकारी आदेश (Government Resolution) के अनुसार, कक्षा 1 से 5 तक मराठी और अंग्रेजी माध्यम के स्कूलों में तीसरी भाषा के रूप में हिंदी का विकल्प रखा गया है, लेकिन यह अब बाध्यकारी नहीं है। किसी अन्य भाषा को तीसरी भाषा के रूप में पढ़ाने के लिए स्कूल में कम से कम 20 इच्छुक छात्रों की जरूरत होगी। कक्षा 6 से 10 की भाषा नीति राज्य की पाठ्यक्रम रूपरेखा 2024 के अनुरूप होगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top