Breaking News
अब मोबाइल पर मिलेगा त्वरित आपदा अलर्ट, स्वदेशी सेल ब्रॉडकास्ट सिस्टम पूरे देश में लागू
अब मोबाइल पर मिलेगा त्वरित आपदा अलर्ट, स्वदेशी सेल ब्रॉडकास्ट सिस्टम पूरे देश में लागू
वर्षों से जिस सड़क की समस्या का नहीं हो पाया था समाधान। प्रधान संगठन की प्रदेश अध्यक्ष के प्रयासों से मुख्यमंत्री धामी ने लिया संज्ञान!
वर्षों से जिस सड़क की समस्या का नहीं हो पाया था समाधान। प्रधान संगठन की प्रदेश अध्यक्ष के प्रयासों से मुख्यमंत्री धामी ने लिया संज्ञान!
उत्तराखण्ड : आध्यात्मिक राजधानी की दिशा में बढ़े कदम
उत्तराखण्ड : आध्यात्मिक राजधानी की दिशा में बढ़े कदम
एक साल बाद बदली धराली की तस्वीर, आपदा के मलबे से निकलकर फिर खड़ी हुई जिंदगी
एक साल बाद बदली धराली की तस्वीर, आपदा के मलबे से निकलकर फिर खड़ी हुई जिंदगी
एमडीडीए में समाधान दिवस आयोजित, जन शिकायतों के त्वरित निस्तारण के दिए निर्देश
एमडीडीए में समाधान दिवस आयोजित, जन शिकायतों के त्वरित निस्तारण के दिए निर्देश
मुख्यमंत्री धामी ने किया ओहो रेडियो 89.2 एफएम का शुभारंभ
मुख्यमंत्री धामी ने किया ओहो रेडियो 89.2 एफएम का शुभारंभ
सूबे में खुलेगी सहकारी बैंक की 34 नई शाखाएं- डाॅ. धन सिंह रावत
सूबे में खुलेगी सहकारी बैंक की 34 नई शाखाएं- डाॅ. धन सिंह रावत
मतदाताओं के दस्तावेजों का हो तय समय पर सत्यापन- सीईओ
मतदाताओं के दस्तावेजों का हो तय समय पर सत्यापन- सीईओ
ग्राम खैनूरी की क्षतिग्रस्त सड़क का मुख्यमंत्री ने लिया तत्काल संज्ञान
ग्राम खैनूरी की क्षतिग्रस्त सड़क का मुख्यमंत्री ने लिया तत्काल संज्ञान

हमारी लोक संस्कृति एवं परंपरा देवभूमि की पहचान- मुख्यमंत्री धामी 

हमारी लोक संस्कृति एवं परंपरा देवभूमि की पहचान- मुख्यमंत्री धामी 

मुख्यमंत्री धामी ने प्रदेशवासियों को इगास पर्व की दीं शुभकामनाएं 

बदरीनाथ धाम के परिक्रमा स्थल में जलाए जाएंगे 101 दीये 

हरिद्वार। पिछले कुछ वर्षों में काफी लोकप्रिय हो गए लोक पर्व इगास (बूढ़ी दिवाली) को लेकर पूरे उत्तराखंड में उत्साह है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रदेशवासियों को इगास पर्व की शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर उन्होंने प्रदेशवासियों से अपनी लोक संस्कृति एवं लोक परंपराओं को आगे बढ़ाने में सहयोगी बनने की अपील की। उन्होंने प्रवासी उत्तराखंडियों का अपने पैतृक गांवों में इगास मनाने का अनुरोध किया। उन्होंने कहा कि हमारी लोक संस्कृति एवं परंपरा देवभूमि की पहचान है। किसी भी राज्य की लोक संस्कृति एवं लोक परंपरा उस राज्य की आत्मा होती है, इसमें इगास का पर्व भी शामिल है। हमारे लोक पर्व एवं समृद्ध सांस्कृतिक विरासत सामाजिक जीवन में जीवंतता प्रदान करने का कार्य करते हैं। जिस तरह से संपूर्ण देश में सांस्कृतिक विरासत और गौरव की पुनर्स्थापना हो रही है, उसी तरह उत्तराखंडवासी अपने लोकपर्व इगास को आज बडे़ उत्साह से मना रहे हैं।

आजादी के अमृत काल में पंच प्रण के संकल्पों में से एक संकल्प यह है कि हम अपनी विरासत और संस्कृति पर गर्व करें। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे लोग इगास पर्व पर अपनी परंपराओं के साथ अपने पैतृक गांवों से भी जुड़ सकें इसके लिये राज्य में इगास पर्व पर सार्वजनिक अवकाश की परंपरा शुरू की गई है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों की सुख-शांति एवं समृद्धि की भी कामना की है।

बदरीनाथ धाम में देवउठनी एकादशी पर्व को लेकर पूजा-अर्चना की विशेष तैयारियां चल रही हैं। मंगलवार को शाम सात बजे बदरीनाथ धाम के परिक्रमा स्थल में 101 दीये जलाए जाएंगे। साथ ही श्रद्धालुओं की ओर से भी धाम परिसर में अन्य दीये जलाए जाएंगे। बदरीनाथ धाम के पूर्व धर्माधिकारी भुवन चंद्र उनियाल ने बताया कि दीपावली पर्व के साथ ही एकादशी पर्व पर बदरीनाथ धाम में विशेष पूजा की जाती हैं। धाम के परिक्रमा स्थल में 101 दीये जलाए जाएंगे। सोमवार को 11369 तीर्थयात्रियों ने बदरीनाथ धाम के दर्शन किए। अभी तक 13,71,222 तीर्थयात्री भगवान बदरीनाथ के दर्शन कर चुके हैं। बीकेटीसी के मीडिया प्रभारी डॉ. हरीश गौड़ ने बताया कि बदरीनाथ धाम की तीर्थयात्रा अब अंतिम चरण में है। धाम में श्रद्धालुओं की चहल-पहल बनीं हुई है।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top